जापान के नागोया (Aichi-Nagoya) में आयोजित एशियन पैरा गेम्स 2026 में भारतीय खिलाड़ियों का दबदबा कायम है। प्रतियोगिता के तीसरे दिन भारत के स्टार पैरा-एथलीट आयुष वर्मा ने पुरुषों की शॉटपुट F53 स्पर्धा में शानदार प्रदर्शन किया।
उन्होंने देश को दिन का पहला स्वर्ण पदक (Gold Medal) दिलाया। आयुष ने अपने 5वें प्रयास में 8.16 मीटर का सर्वश्रेष्ठ थ्रो फेंककर पहला स्थान हासिल किया।
इस मौजूदा एशियन पैरा गेम्स में यह आयुष वर्मा का दूसरा पदक है। इससे पहले वे इसी टूर्नामेंट में एक कांस्य पदक (Bronze Medal) भी अपने नाम कर चुके हैं।
आइए जानते हैं आयुष वर्मा के इस ऐतिहासिक थ्रो, तीसरे दिन पदक जीतने वाले भारतीय एथलीटों के नाम और भारत की कुल मेडल तालिका का पूरा हाल।
आयुष वर्मा का रिकॉर्ड थ्रो और F53 कैटेगरी की समझ
आयुष वर्मा ने मुकाबले में शुरुआत से ही अपनी बढ़त बनाए रखी।
- 5वें प्रयास में दिखाया दम: आयुष ने शुरुआती थ्रो के बाद लगातार अपनी तकनीक में सुधार किया। अंततः अपने 5वें प्रयास में 8.16 मीटर का थ्रो करके गोल्ड पर कब्जा जमाया।
- सिल्वर और ब्रॉन्ज विजेता: ईरान के अलीरेजा हेमामी ने 8.09 मीटर थ्रो के साथ रजत पदक (Silver Medal) जीता। कजाकिस्तान के मखाम्बेट सेरिक्कलीयेव ने 6.81 मीटर के साथ कांस्य पदक हासिल किया।
- क्या होती है F53 कैटेगरी?: यह कैटेगरी उन फील्ड एथलीट्स के लिए तय होती है जिनके धड़ और पैरों का मूवमेंट प्रभावित होता है। इसमें खिलाड़ी बैठकर प्रतिस्पर्धा करते हैं। इस कैटेगरी में हाथों की पकड़ पर असर अपेक्षाकृत कम होता है।
तीसरे दिन के सभी भारतीय पदक विजेता (Day 3 Winning Athletes)
तीसरे दिन भारतीय एथलीटों ने कुल 12 मेडल (3 गोल्ड, 6 सिल्वर, 3 ब्रॉन्ज) अपने नाम किए।
स्वर्ण पदक विजेता (Gold Medalists)
- आयुष वर्मा (Ayush Verma): पुरुषों की शॉटपुट F53 स्पर्धा (8.16 मीटर थ्रो)।
- प्रवीण कुमार (Praveen Kumar): पुरुषों की हाई जंप T64 स्पर्धा (2.05 मीटर छलांग – नया गेम्स रिकॉर्ड)।
- सचिन खिलारी (Sachin Khilari): पुरुषों की शॉटपुट F46 स्पर्धा (गोल्ड मेडल बरकरार रखा)।
रजत पदक विजेता (Silver Medalists)
- बंटी (Bunty): पुरुषों की हाई जंप T64 स्पर्धा (1.92 मीटर की छलांग)।
- मोहम्मद यासेर (Mohammad Yaser): पुरुषों की शॉटपुट F46 स्पर्धा।
- शीतल देवी और पायल नाग (Sheetal Devi & Payal Nag): पैरा कंपाउंड महिला डबल्स तीरंदाजी टीम।
कांस्य पदक विजेता (Bronze Medalists)
- परवीन (Parveen): पुरुषों की शॉटपुट F46 स्पर्धा (शॉटपुट F46 में भारत का क्लीन स्वीप)।
एशियन पैरा गेम्स 2026: भारत की मेडल तालिका (Medal Tally)
भारतीय दल ने नागोया में लगातार अपनी रैंकिंग में सुधार किया है। 12 नए पदकों के साथ भारत अब तालिका में 5वें स्थान पर पहुंच गया है।
| पदक का प्रकार (Medal Type) | कुल संख्या (Total Count) |
| स्वर्ण पदक (Gold) | 12 |
| रजत पदक (Silver) | 17 |
| कांस्य पदक (Bronze) | 18 |
| कुल पदक (Total Medals) | 47 |
भारतीय पैरा-एथलीटों की बढ़ती वैश्विक साख
पिछले कुछ वर्षों में भारतीय पैरा-एथलीटों ने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपनी धाक जमाई है। पैरालंपिक से लेकर एशियन पैरा गेम्स तक भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन लगातार बेहतर हुआ है।
- बेहतर प्रशिक्षण सुविधाएं: एथलीटों को विश्वस्तरीय कोचिंग और आधुनिक स्पोर्ट्स इंफ्रास्ट्रक्चर मिल रहा है।
- प्रोत्साहन और प्रायोजन: केंद्र सरकार की योजनाओं और निजी अकादमियों के सहयोग से खिलाड़ियों को आर्थिक और मानसिक संबल मिल रहा है।
- युवाओं के लिए प्रेरणा: आयुष वर्मा, शीतल देवी, सचिन खिलारी और प्रवीण कुमार जैसे एथलीट देश के लाखों दिव्यांग युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बन चुके हैं।
आयुष वर्मा की यह जीत भारतीय पैरा-एथलेटिक्स की निरंतर बढ़ती ताकत का प्रमाण है। एक ही टूर्नामेंट में दो मेडल जीतकर आयुष ने साबित कर दिया है कि दृढ़ संकल्प के आगे कोई भी बाधा बड़ी नहीं होती। जैसे-जैसे नागोया पैरा एशियन गेम्स आगे बढ़ रहे हैं, भारतीय फैंस को अपने खिलाड़ियों से और भी कई मेडल्स की उम्मीद है।

