अफवाहों पर न दें ध्यान, सीएम साय की अपील
ईंधन संकट की खबरों को मुख्यमंत्री ने बताया भ्रामक
प्रदेशवासियों से संयम और जिम्मेदारी बरतने का आग्रह
Chhattisgarh Fuel Supply: पिछले कुछ दिनों से वैश्विक परिस्थितियों और तेल संकट को लेकर सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों पर चल रही अफवाहों के बीच छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने स्थिति स्पष्ट की है। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को आश्वस्त किया है कि छत्तीसगढ़ में पेट्रोल और डीजल की कोई कमी नहीं है और ईंधन का भंडारण पूरी तरह पर्याप्त है। उन्होंने जनता से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की घबराहट (Panic) में न आएं और केवल आवश्यकता अनुसार ही ईंधन की खरीदारी करें।
आपूर्ति श्रृंखला सुचारू
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कड़े शब्दों में कहा है कि प्रदेश के सभी ऑयल डिपो में ईंधन की आपूर्ति नियमित रूप से की जा रही है। राज्य सरकार और तेल विपणन कंपनियां (Oil Marketing Companies) आपसी समन्वय के साथ काम कर रही हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि ईंधन की लोडिंग और परिवहन की प्रक्रिया निरंतर जारी है, इसलिए सप्लाई चैन बाधित होने का कोई सवाल ही पैदा नहीं होता।
अधिकारियों के अनुसार, राज्य के पास अगले कई हफ्तों के लिए पर्याप्त बैकअप मौजूद है। तेल कंपनियां चौबीसों घंटे निगरानी रख रही हैं ताकि किसी भी पेट्रोल पंप पर ‘ड्राई’ (ईंधन खत्म होने) की स्थिति पैदा न हो।
प्रधानमंत्री की अपील और राष्ट्रीय दूरदर्शिता
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन का उल्लेख करते हुए कहा कि भारत सरकार ने वैश्विक उथल-पुथल को देखते हुए पहले से ही प्रभावी तैयारियां सुनिश्चित की हैं। रणनीतिक पेट्रोलियम भंडार (Strategic Petroleum Reserves) और वैकल्पिक ऊर्जा स्रोतों के प्रबंधन के कारण भारत आज एक सुरक्षित स्थिति में है। प्रधानमंत्री ने भी देशवासियों से आग्रह किया है कि वे अनावश्यक संग्रहण (Hoarding) से बचें। जब लोग डर के मारे अपनी जरूरत से ज्यादा पेट्रोल या डीजल भरवाने लगते हैं, तो इससे कृत्रिम कमी (Artificial Scarcity) पैदा होती है, जिससे बचना जरूरी है।
जिम्मेदारी का परिचय दें नागरिक
मुख्यमंत्री साय ने छत्तीसगढ़ की जनता से एक जिम्मेदार नागरिक की भूमिका निभाने का आह्वान किया है। उन्होंने कहा, “आपकी सजगता और संयम ही इस व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने में सबसे बड़ी मदद होगी।” अक्सर भ्रामक सूचनाएं और फेक न्यूज लोगों के बीच डर का माहौल पैदा करती हैं, जिससे पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें लग जाती हैं।
मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि,
- किसी भी असत्यापित व्हाट्सएप मैसेज या सोशल मीडिया पोस्ट पर भरोसा न करें।
- ईंधन का अनावश्यक स्टॉक न करें, क्योंकि यह सुरक्षा की दृष्टि से भी खतरनाक हो सकता है।
- राष्ट्रहित में सहयोग करें और सकारात्मक सोच के साथ अफवाहों का खंडन करें।
प्रशासन और ऑयल कंपनियों की पैनी नजर
छत्तीसगढ़ शासन ने सभी जिला कलेक्टरों और खाद्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में ईंधन की उपलब्धता सुनिश्चित करें। कालाबाजारी या अनावश्यक स्टॉक करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए हैं। सरकार का लक्ष्य है कि किसानों, एम्बुलेंस सेवाओं और आवश्यक परिवहन को बिना किसी बाधा के ईंधन मिलता रहे।
घबराएं नहीं, सतर्क रहें
बस्तर से लेकर सरगुजा तक, पूरे छत्तीसगढ़ में विकास की गति को बनाए रखने के लिए ऊर्जा की निरंतरता अनिवार्य है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का यह आश्वासन न केवल जनता के डर को कम करता है, बल्कि शासन की मुस्तैदी को भी दर्शाता है। छत्तीसगढ़वासी अगर संयम और जिम्मेदारी दिखाएंगे, तो प्रदेश की ईंधन व्यवस्था सुचारू बनी रहेगी।

