UK Royal Award जीतने वाली कौन है ये लड़की? चलाती है पिंक ई-रिक्शा!

UK Royal Award: सपने किसके बड़े नहीं होते हैं। लेकिन उन सपनों को पूरा करने की हिम्मत कम ही लोगों में होते हैं। हमारे आस-पास ऐसे कई लोग मौजूद हैं काफी क्रिएटिव और किसी भी काम को अलग पहचान देते हैं। ऐसी ही एक कहानी है UP बहराइच की आरती की। पेशे से ई-रिक्शा ड्राइवर आरती इन दिनों काफी चर्चा में हैं। हाल ही में उन्हें लंदन के किंग ने खुद सम्मानित किया है। जानते हैं क्यों आरती को यूके रॉयल अवॉर्ड से नवाजा गया।

खबरों में क्यों?

उत्तर प्रदेश के बहराईच जिले के एक गांव की रहने वाली आरती को लंदन में सम्मानित किया गया है। आरती को लंदन में प्रतिक्षित महिला सशक्तिकरण पुरस्कार दिया गया है। इस पुरस्कार को पाने के लिए उन्होंने बंकिमधन पैलेस में किंग चार्ल्स III से मुलाकात की। आरती को लंदन में प्रिंस ट्रस्ट अवार्ड्स में विश्व प्रसिद्ध मानवाधिकार बैरिस्टर के नाम पर अमल क्लूनी महिला सशक्तिकरण पुरस्कार दिया गया।

आरती को क्यों मिला ये सम्मान ?

आरती को UK Royal Award युवा लड़कियों को प्रेरित करने के लिए दिया गया। आरती ने सरकार के साथ मिलकर पिंक ई-रिक्शा पहल पर काम किया और अपने काम से दूसरी लड़कियों सशक्त करने की दिशा में योगदान दिया। यह पहल बदलाव लाने के लिहाज से महत्वपूर्ण तो थी ही साथ ही महिला सवारियों की सुरक्षा में भी मील का पत्थर साबित हुई।

“ई-रिक्शा चलाना मेरी पसंद और पहचान”- आरती

UK Royal Award पाने वाली आरती को अपने प्रोफेशन पर गर्व है। वो कहती हैं कि वो हर दिन चुनौतियों का सामना करती हैं। अपने काम से वो स्वतंत्र महसूस करती हैं। उन्हें दुनिया को एक अलग नजरिए से देखने का जोश मिलता है। वो कहती हैं कि उनकी 5 साल की बेटी को भी उन्होंने अपने काम से सपनों के पंख दिए हैं। उन्होंने लंदन की अपनी पहली यात्रा से अपनी बेटी के लिए कुछ केक और एक जोड़ी जूते लिए हैं। आरती ने किंग चार्ल्स से कहा कि उन्हें ई-रिक्शा चलाना पसंद है। उनका ई-रिक्शा प्रदूषण से लड़ने में भी सक्षम है। ये डीजल या पेट्रोल से नहीं चलता, बल्कि इलेक्ट्रॉनिक है।

क्यों दिया जाता है UK Royal Award?

किंग चार्ल्स ने इस अवॉर्ड की स्थापना की थी जब वो वेल्स के राजकुमार थे। उन्होने प्रिंस ट्रस्ट इंटरनेशनल स्थापित किया था जो अब किंग्स ट्रस्ट इंटरनेशनल में हो गया है। ये ट्र्स्ट रोजगार, शिक्षा और उद्यम कार्यक्रमों के माध्यम से 20 देशों में युवाओं का समर्थन करने के लिए अपना काम कर रहा है। प्रिंस ट्रस्ट महिला सशक्तिकरण पुरस्कार उन युवा महिलाओं को दिया जाता है जो वैश्विक कार्य के जरिए अपनी एक अलग पहचान बना रहे हैं। ऐसे लोग इसमें शामिल होते हैं जो मुश्किलों के बावजूद सफल होते हैं और अपने आसपास के लोगों के लिए बदलाव का कारण बनते हैं।

READ MORE कौन हैं बुकर प्राइज जीतने वाली पहली जर्मन लेखिका?

Positive सार

जुलाई 2023 में, प्रिंस ट्रस्ट इंटरनेशनल और आगा खान फाउंडेशन ने एक साझा प्रोजेक्ट लाया जिससे आरती को भारत सरकार की पिंक ई-रिक्शा योजना से लाभ दिलाया गया। इस योजना का उद्देश्य कमजोर महिलाओं, विशेष रूप से विधवाओं और आरती जैसी सिंगल मांओं के लिए रोजगार के अवसरों को सृजित करना है। आरती को मिले UK Royal Award से और भी महिलाएं प्रेरित होंगी।

Avatar photo

Rishita Diwan

Content Writer

ALSO READ

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *