Benefits of Meditation: आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में हर कोई सफलता की रेस में दौड़ रहा है। बेहतर जॉब, ऊंचा पद और सुख-सुविधाओं की चाहत ने हमें शारीरिक रूप से तो सक्रिय रखा है, लेकिन मानसिक रूप से हम थक चुके हैं। काम का दबाव, गलाकाट प्रतियोगिता और अनिश्चित भविष्य ने युवाओं और कॉर्पोरेट कर्मचारियों के बीच स्ट्रेस और एंजायटी को एक आम समस्या बना दिया है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या केवल 15 मिनट का समय निकालकर हम अपनी जिंदगी को आसान बना सकते हैं?
जवाब है
हाँ, मेडिटेशन के जरिए।
क्यों जरूरी है मेडिटेशन?
पुराने समय की तुलना में आज मेडिटेशन की जरूरत कहीं ज्यादा महसूस हो रही है। आज लोग अपने काम पर तो पूरा ध्यान दे रहे हैं, लेकिन ‘करने वाले’ (स्वयं) पर ध्यान देना भूल गए हैं। जब हम अंदर से खाली महसूस करते हैं, तो बाहर की कितनी भी बड़ी सफलता हमें खुशी और संतोष नहीं दे पाती। मेडिटेशन हमारे मन की बैटरी को रिचार्ज करने का काम करता है। यह हमें सिखाता है कि बाहरी शोर के बीच अपने भीतर की शांति को कैसे खोजा जाए।
मेडिटेशन का सरल तरीका
मेडिटेशन का मतलब घंटों आंखें बंद करके बैठना या किसी कठिन योग मुद्रा का अभ्यास करना नहीं है। यह एक सरल प्रक्रिया है जिसमें आप कुछ मिनट शांति से बैठकर अपने विचारों को समझते हैं।
- शांत स्थान चुनें
किसी भी आरामदायक जगह पर बैठ जाएं।
- स्वयं का अवलोकन
आंखें बंद करें और महसूस करें कि आप एक शांत और शुद्ध आत्मा हैं।
- खुद से जुड़ाव
खुद को शांति और शक्ति के असीमित स्रोत के रूप में याद करें।
- सकारात्मक ऊर्जा
महसूस करें कि ब्रह्मांड की पॉजिटिव ऊर्जा आपके भीतर समा रही है।
- जादुई अफर्मेशन्स
जो बदल देंगे आपकी सोच
सुबह उठते ही यदि हम अपने मन को सही निर्देश दें, तो पूरा दिन सकारात्मक बीतता है। मेडिटेशन के दौरान इन पंक्तियों को दोहराना बेहद प्रभावी होता है,
- मैं एक शांत और शक्तिशाली आत्मा हूँ।
- मेरा मन पूरी तरह स्थिर और एकाग्र है।
- मेरे अंदर ब्रह्मांड की सकारात्मक ऊर्जा भर रही है।
- मैं अपनी सभी नकारात्मकताओं और चिंताओं को छोड़ रहा/रही हूँ।
- मैं सुरक्षित हूँ और मेरा विवेक स्पष्ट है।
मेडिटेशन के अद्भुत फायदे
नियमित रूप से 10 से 15 मिनट का अभ्यास आपके जीवन में निम्नलिखित बदलाव ला सकता है,
- बेहतर फोकस और प्रोडक्टिविटी- जब मन शांत होता है, तो एकाग्रता बढ़ती है। इससे ऑफिस के जटिल काम भी कम समय में और बेहतर तरीके से पूरे होते हैं।
- तनाव और डिप्रेशन से मुक्ति- यह मन में चल रहे विचारों के तूफान को थाम देता है, जिससे बेचैनी और एंजायटी कम होती है।
- रिश्तों में सुधार- जब आप अंदर से खुश होते हैं, तो दूसरों के प्रति आपका व्यवहार भी धैर्यवान और प्रेमपूर्ण हो जाता है।
- भावनात्मक स्थिरता- छोटी-छोटी परेशानियों पर विचलित होने की आदत छूट जाती है और आप विपरीत परिस्थितियों में भी शांत रहना सीख जाते हैं।
ध्यान हमें याद दिलाता है कि हमारा मानसिक स्वास्थ्य ही हमारी असली संपत्ति है। यदि आप रोज सिर्फ 15 मिनट खुद को देते हैं, तो यह निवेश आपको आने वाले समय में एक सुकूनभरी और संतुलित जिंदगी के रूप में वापस मिलेगा। जब आप खुद को समझने लगते हैं, तो दुनिया को समझना और संभालना आसान हो जाता है।
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