छत्तीसगढ़ के नवनिर्माण, ढांचागत विकास और औद्योगिक प्रगति में अपनी स्वेद-बूंदों से अमूल्य योगदान देने वाले श्रम वीरों के सम्मान में राजधानी रायपुर में भव्य ‘श्रमिक सम्मेलन’ का आयोजन किया जा रहा है।
भगवान विश्वकर्मा जयंती के पावन अवसर पर 17 सितंबर को बूढ़ापारा स्थित सरदार बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में आयोजित होने वाले इस राज्य स्तरीय महासम्मेलन में प्रदेश भर से हजारों की संख्या में निर्माण मजदूर, असंगठित कर्मकार और श्रम वीर शामिल होंगे।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे और कार्यक्रम की अध्यक्षता श्रम मंत्री लखन लाल देवांगन करेंगे। इस गरिमामय अवसर पर प्रदेश के विकास की पटकथा लिखने वाले श्रमिकों को सम्मानित करने के साथ-साथ श्रम विभाग की 30 से अधिक जनकल्याणकारी योजनाओं की सहायता राशि सीधे हितग्राहियों के खातों में हस्तांतरित की जाएगी।
श्रम कल्याण योजनाओं की मिलेगी बड़ी सौगात
छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य संनिर्माण कर्मकार कल्याण मंडल तथा असंगठित कर्मकार राज्य सामाजिक सुरक्षा मंडल के माध्यम से श्रमिकों के जीवन स्तर में सुधार लाने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। इस सम्मेलन के दौरान ऑनलाइन प्राप्त आवेदनों के सत्यापन के बाद योग्य पंजीकृत हितग्राहियों को विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के तहत डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से वित्तीय सहायता पहुँचाई जाएगी।
महासम्मेलन में पंजीकृत श्रमिक परिवारों के होनहार बच्चों के लिए छात्रवृत्ति और उच्च शिक्षा प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। इसके साथ ही, महिला निर्माण श्रमिकों को प्रसूति सहायता योजना और असंगठित क्षेत्र के मजदूरों को दुर्घटना व स्वास्थ्य सुरक्षा का लाभ दिया जाएगा। निर्माण स्थलों पर काम करने वाले मजदूरों को कार्यस्थल सुरक्षा किट, आधुनिक टूलकिट और स्वरोजगार हेतु सिलाई मशीनों का वितरण भी किया जाएगा।
“श्रमिकों का पसीना ही प्रदेश की प्रगति का आधार”: मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अपने संदेश में कहा कि छत्तीसगढ़ को ‘विकसित छत्तीसगढ़’ बनाने के संकल्प में हमारे मजदूर भाइयों और बहनों का योगदान सबसे महत्वपूर्ण है।
चाहे विशाल इमारतों की नींव हो, सड़कों का जाल हो या कारखानों में उत्पादन—हमारे श्रम वीर दिन-रात कड़ी मेहनत कर राज्य को समृद्धि की ओर ले जा रहे हैं।
राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है कि प्रदेश के प्रत्येक पंजीकृत श्रमिक को सामाजिक सुरक्षा, बेहतर स्वास्थ्य, बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और गरिमापूर्ण जीवन मिले।
विश्वकर्मा जयंती पर आयोजित यह महासम्मेलन केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि राज्य के विकास में पसीना बहाने वाले हर श्रमिक के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का एक पावन जरिया है।
रायपुर में आयोजित होने वाला यह ‘श्रमिक सम्मेलन’ राज्य के मेहनतकश वर्ग के अधिकारों, सुरक्षा और स्वावलंबन का बड़ा उत्सव है। राज्य सरकार की पारदर्शी नीतियों, ‘श्रमेव जयते’ डिजिटल पोर्टल और त्वरित सहायता तंत्र के बल पर छत्तीसगढ़ के लाखों मजदूर परिवार आज मुख्यधारा से जुड़कर स्वाभिमान के साथ आगे बढ़ रहे हैं।

